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jharkhand DAILY CURRENT 23 JULY 2025 NATIINAL INTERNATIONAL (JPSC MAINS & PRELIMS UPSC JSSC BPSC RENESHA IAS 9661163344

🇮🇳jharkhand🇮🇳 1)       झारखंड के 14 ट्रइबल सब प्लान जिलों में सरकार के महत्वकांछी कल्याणकारी योजनाएं फंड के अभाव में बंद हो गई हैं.     यह समस्या झारखंड ट्राइबल इम्पावरमेंट एंड लाइवलीवुड प्रोजेक्ट (जेटीईएलपी)फेज-2 और ट्राइबल लाइवलीवुड डेवलपमेंट प्रोजेक्ट (टीएलडीपी) का प्रस्ताव लंबित होने, कैबिनेट में नहीं आने व राज्य सरकार के द्वारा फंड आवंटन नहीं होने के कारण हुई है.        ये योजनाएं कल्याण विभाग संचालित इकाई झारखंड ट्राइबल डेवलपमेंट सोसाइटी (जेटीडीएस) के द्वारा क्रियान्वित की जाती है.     कुल 1900 करोड रुपए की योजनाएं थी जिसमें 70% वर्ल्ड बैंक के द्वारा सहयोग किया जाना था 30% राज्य सरकार के द्वारा खर्च किया जाना था.  🇮🇳national🇮🇳 1) BIS  भारतीय मानक ब्यूरो (BIS) ने अनिवार्य हॉलमार्किंग के तहत 9-कैरेट सोने को शामिल करने की घोषणा की गई.        BIS अधिनियम, 2016... भारत में सोने के आभूषणों और कलाकृतियों की शुद्धता और प्रमाणन से संबंधित मानकों को नियंत्रित करता है।   2)  ...

jharkhand DAILY CURRENT 21-22 JULY 2025 (JPSC MAINS & PRELIMS UPSC JSSC BPSC RENESHA IAS 9661163344

🇮🇳jharkhand 🇮🇳 1) झारखंड देश का पहला राज्य बन गया है, जहां खदानों में पर्यटन शुरू होने वाला है. 👉  प्रारंभिक रूप से यह पहल उत्तर उरीमारी माइंस से शुरू होगी. 👉 झारखंड पर्यटन विकास निगम लिमिटेड (जेटीडीसी) एवं सेंट्रल कोलफील्ड्स लिमिटेड (सीसीएल) के बीच इस संदर्भ में समझौते हुए हैं  👉 पर्यटकों के सुरक्षा का पूरा ध्यान रखा जाएगा और यह राउंड में 15 से 20 पर्यटक जाएंगे. 👉 पर्यटन का शुल्क ₹2500 से ₹2800 तक होगा  👉  तीन टूरिस्ट सर्किट * रांची  कायाकल्प वाटिका तिरु फॉल * urimari माइंस, प्लानी, water parker  * sikindri ghati, rajrappa mandir, patratu  2)   झारखंड खाद्य सुरक्षा ECONOMICS JPSC MAINS 14th JPSC FOUNDATION 9661163344 झारखंड में स्मार्ट पीडीएस योजना सितंबर से शुरू होगी     झारखंड में लगभग 2.63 करोड़ लाभुक राष्ट्रीय खाद्य सुरक्षा योजना से जुड़े हुए हैं. इस योजना के तहत किसी लाभुक को जैसे ही खाद्यान्न मिलेगा केंद्र सरकार तक सूचना पहुंच जाएगी.      दूसरे शब्दों में केंद्र सरकार को यह जानकारी रहेगी की झारखंड के क...

jharkhand DAILY CURRENT 20 JULY 2025 (JPSC MAINS & PRELIMS UPSC JSSC BPSC RENESHA IAS 9661163344

20  जुलाई 2025 🇮🇳jharkhand 🇮🇳 1) सारंडा वन अभ्यारण     सारंडा वन अभ्यारण बनाने का प्रस्ताव राज्य सरकार के द्वारा रखा गया है. क्या झारखंड का दसवां वन्य जीव अभ्यारण्य होगा.      राज्य सरकार वन्य जीव अभ्यारण के लिए सभी प्रक्रियाओं को लगभग पूर्ण कर चुके हैं. इसके लिए लगभग 57520 हेक्टेयर वन भूमि को रिजर्व रखा गया है. इसके अलावा इस क्षेत्र में जो भी भूमि होगी वहां पर खनिजों के लिए भी उपयोग किया जा सकता है.      वन्य जीव अभ्यारण में तकनीकी सहायता और विशेषज्ञ सेवाएं  देहरादून स्थित वाइल्डलाइफ इंस्टीट्यूट के द्वारा प्रदान किया जा सकता है इस संदर्भ में झारखंड सरकार के द्वारा इंस्टिट्यूट को अधियाचना  भेजी गई है.       Saranda Forest Sanctuary The proposal to establish  Saranda wild life Sanctuary has been put forward by the state government. This will be the tenth wildlife sanctuary of Jharkhand.                 The state government has almost completed all the procedure...

jharkhand DAILY CURRENT 19 JULY 2025 (JPSC MAINS & PRELIMS UPSC JSSC BPSC RENESHA IAS 9661163344

🇮🇳jharkhand🇮🇳 1) E KCC PORTAL  Economics       नाबार्ड के द्वारा झारखंड में बहुत जल्द E  केसीसी पोर्टल को लांच किया जाएगा. कृषि मंत्री ने नाबार्ड की स्थापना दिवस पर कहा कि " बैंकों के द्वारा किसानों को चेक बुक के माध्यम से मुख्यमंत्री ट्रैक्टर और यंत्रीकरण योजना में अंशदान की राशि देने का निर्देश दिया गया है जबकि झारखंड के अधिकांश किसानों के पास चेक बुक उपलब्ध नहीं है. इसलिए समान और परंपरागत विधियो से अंशदान  प्राप्त किया जाए"                नाबार्ड झारखंड के द्वारा जल्द ही ई-केसीसी पोर्टल लांच किया जाएगा. जिसके माध्यम से केसीसी आवेदन पर आवश्यक प्रक्रियाएं अधिकतम तीन से चार दिनों में पूर्ण  कर लिया जाएगा         इसके अलावा कृषि मंत्री ने कहा कि  👉  किसानों को आवश्यकता अनुसार लोन नहीं प्राप्त हो पा रहा है जिसके कारण उनकी उत्पादकता प्रभावित हो रही है और लोन चुकाने में समस्या रही है. 👉 झारखंड के अलग-अलग विभागों और संस्थाओं के आइसोलेशन की स्थिति में रहने के कारण समन्वय का अभाव...

झारखंड के बैंक CSR फंड का सही प्रयोग नहीं कर रहे हैं CSR FUND IN JHARKHAND JPSC... RENESHA IAS

CSR  राशि को सही तरीके से खर्च नहीं कर रहे हैं झारखंड के बैंक. ( ECONOMICS)     कंपनी एक्ट 2013 के तहत केंद्र सरकार के द्वारा निर्धारित सर के राशि सही तरीके से खर्च नहीं की जा रही है. झारखंड सरकार का कहना है कि इस राशि पर झारखंड सरकार का नियंत्रण होना चाहिए ताकि विकास कार्य में  प्रयोग हो सके. 👉 कुछ बैंकों के द्वारा बच्चों के लिए स्कूल बैग, ड्रेस वगैरा देकर खानापूर्ति किया जा रहे हैं.         इस राशि को याद तो अनावश्यक मदों पर खर्च किया जा रहा है अथवा फिजूल खर्ची में समाप्त किया जा रहा है.   झारखंड के वित्त मंत्री के अनुसार " CSR 83 महिला सशक्तिकरण पर्यावरण रक्षा पौधारोपण ग्रामीण विकास जल संग्रहण पुनर्वास आपदा राहत कला संस्कृति इत्यादि के लिए किया जाना चाहिए"  "एचडीएफसी बैंक द्वारा वित्तीय वर्ष 2022-23 और 2023-24 में 148 करोड़ 16 लाख सीएसआर के तहत व्यय दिखलाया गया है. लेकिन किस क्षेत्र में व्यय हुआ है अस्पष्ट है "काम किया गया था इसका उल्लेख नहीं है"     सरकारी-निजी बैंकों द्वारा हर वर्ष सभी 24 जिलों के कम से कम ...

स्वच्छता सर्वेक्षण में जमशेदपुर बुंडू और रांची का प्रदर्शन

स्वच्छ सर्वेक्षण 2024-25 ( झारखंड में स्वास्थ्य और स्वच्छता)       झारखंड के बुंडू जमशेदपुर रांची धनबाद देवघर साहिबगंज जुगसलाई चाकुलिया जैसे शहरों को अलग-अलग श्रेणियां में भारत स्वच्छता सर्वेक्षण में अवार्ड प्राप्त हुए हैं. 👉  कस्बाई शहर बुंडू को इसबार “प्रॉमिसिंग स्वच्छ शहर” का इस साल अवार्ड मिला.              बुंडू, देवघर और साहिबगंज को इस बार ओडीएफ++ की श्रेणी में भी रखा गया है।  👉   इसके अलावा देवघर जुगसलाई और चाकुलिया को वन स्टार रैंकिंग मिली है।   👉     जमशेदपुर में इस बार इस बार तीन से दस लाख तक की आबादी वाले शहर में तीसरा स्थान तो हासिल किया ही उसे फाइव स्टार शहरों की सूची में भी जगह मिली है। वाटर प्लस शहरों में भी इसने नाम दर्ज कराया। 👉 राष्ट्रीय रैंकिंग में  इस बार रांची 37वें स्थान पर पहुंच पिछले बार 154 रैंक था.  👉   उसी प्रकार धनबाद को दस लाख से अधिक आबादी वाले शहर में देशभर में 35वां स्थान मिला है।

मंईयां बलवान’ ( झारखंड के योजनाएं ) MAINYA BALWAN YOJNA JHARKHAND JPSC

'मंईयां बलवान’  ( झारखंड के योजनाएं ) JPSC pre & MAINS  14TH JPSC FOUNDATION  PROJECT MANAGER PAPER IV 9661163344             हेमंत सरकार मंईयां सम्मान योजना की लाभुक महिलाओं को अब आर्थिक रूप से सशक्त बनाने के लिए एक नई योजना 👉 ‘मंईयां बलवान’           की शुरुआत करने जा रही है.        इस योजना का उद्देश्य महिलाओं को उद्यमी बनाना है.  इस योजना के तहत स्वयं सहायता समूह से जुड़ने वाली मंईयां को आजीविका के अलग-अलग स्रोतों से जोड़ा जाएगा. ऐसी मंईयां की संख्या लगभग 25 से 30 लाख है जिन्हें इस योजना का लाभ मिलेगा.  . मुख्यमंत्री के अनुसार मंईयां सम्मान योजमा की राशि का प्रयोग महिलाओं के द्वारा रोजगार सृजन के उद्देश्य से किया जाना चाहिए. स्वरोजगार के साधन को उत्पन्न करने में अगर पूंजी की कमी होती है तो मंईयां बलवान योजना के तहत पूंजी उपलब्ध कराया जाएगा. JOHAR योजना किस सफलता से मुख्यमंत्री उत्साहित हैं.       सरकार के विचार से अगर 2500 की राशि को इकोनॉमी में प...